दस साल पहले हुए ऐतिहासिक जनमत संग्रह के बाद, ब्रिटेन ब्रेक्सिट के आर्थिक प्रभावों का आकलन कर रहा है। न्यूयॉर्क टाइम्स और द गार्जियन की रिपोर्ट के अनुसार, ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था यूरोपीय संघ में रहने की स्थिति से छोटी हो गई है। कई व्यवसायों को नुकसान हुआ है और ब्रेक्सिट के बाद से राजनीतिक अस्थिरता में वृद्धि हुई है। विशेषज्ञों का मानना है कि ब्रेक्सिट ने व्यापार और निवेश को नकारात्मक रूप से प्रभावित किया है। कुछ ब्रिटिश नागरिक इस स्थिति से असंतुष्ट हैं और इसे "एक पूर्ण दुःस्वप्न" और "पूर्ण अराजकता" बता रहे हैं। ब्रेक्सिट के दीर्घकालिक परिणाम अभी भी स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन प्रारंभिक संकेत बताते हैं कि यह ब्रिटेन के लिए महंगा साबित हुआ है।