ब्राजील के सुप्रीम कोर्ट के अध्यक्ष ने लुआंडा में कहा कि अदालतों को सरकार और आर्थिक शक्तियों के डर के बिना निर्णय लेना चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि अंगोला और ब्राजील दोनों ही बहुलवादी संस्थानों के निर्माण के लिए समान रूप से जिम्मेदार हैं। यह टिप्पणी न्यायिक स्वतंत्रता और जवाबदेही के महत्व पर प्रकाश डालती है। अध्यक्ष ने स्वतंत्र और निष्पक्ष न्यायपालिका की आवश्यकता पर बल दिया, जो किसी भी बाहरी प्रभाव से मुक्त हो। उनका मानना ​​है कि मजबूत संस्थान लोकतंत्र और कानून के शासन को बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण हैं। अंगोला और ब्राजील, दोनों ही समान ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंधों वाले देश हैं, इसलिए उन्हें इस दिशा में मिलकर काम करना चाहिए। इस सहयोग से दोनों राष्ट्रों में सुशासन और पारदर्शिता को बढ़ावा मिलेगा।