बार्सिलोना से आए कुछ स्पेनिश छात्रों को ब्रातिस्लावा की बस में यात्रा करते समय 79 यूरो का जुर्माना भरा पड़ा। छात्रों का कहना था कि उनके पास वैध टिकट थे, जिसके स्क्रीनशॉट उन्होंने दिखाए। लेकिन बस निरीक्षक ने इन स्क्रीनशॉट को स्वीकार नहीं किया और उन पर जुर्माना लगा दिया। यह घटना टिकटों की वैधता और डिजिटल टिकटों की स्वीकार्यता पर सवाल उठाती है। छात्रों ने जुर्माने का विरोध किया, लेकिन निरीक्षक ने अपना फैसला नहीं बदला। इस मामले ने पर्यटकों के लिए सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने में आने वाली संभावित कठिनाइयों पर प्रकाश डाला है। अधिकारियों से इस मामले की जांच करने और डिजिटल टिकटों की नीतियों को स्पष्ट करने का अनुरोध किया गया है।