ब्राजील में, प्रगतिशील गुटों ने टेरेज़ा क्रिस्टीना को फ्लेवियो बोल्सोनारो के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के रूप में नामित होने से रोकने के लिए प्रयास तेज कर दिए हैं। बोल्सोनारो ने पहले एक महिला को अपने फॉर्मूले में शामिल करने की प्रतिबद्धता जताई थी, जिसका उद्देश्य लूला के समर्थकों के बीच समर्थन बढ़ाना था। हालाँकि, प्रगतिशील समूहों का तर्क है कि क्रिस्टीना की नियुक्ति बोल्सोनारो की विचारधारा के साथ समझौता करने जैसा है और यह महिलाओं के अधिकारों के लिए हानिकारक होगा। उन्होंने क्रिस्टीना पर विवादित बयानों और नीतियों का समर्थन करने का आरोप लगाया है। इस विरोध के कारण बोल्सोनारो को अपनी उपराष्ट्रपति पद की पसंद पर पुनर्विचार करने का दबाव है। यह मामला ब्राजील के राजनीतिक परिदृश्य में लैंगिक राजनीति और गठबंधन की जटिलताओं को उजागर करता है। इस राजनीतिक गतिरोध से आगामी चुनावों के नतीजे प्रभावित हो सकते हैं।