बर्सातु पार्टी के नेता टुन फैसल इस्माइल अजीज ने पार्टी की सर्वोच्च परिषद की आपातकालीन बैठक के उद्देश्य पर सवाल उठाए हैं। उनका तर्क है कि यदि परिषद द्वारा लिए गए निर्णयों को घटक दलों की मंजूरी की आवश्यकता है, तो बैठक का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने इस प्रक्रिया को अनावश्यक बताते हुए कहा कि इससे निर्णय लेने में देरी होगी और पार्टी की प्रभावशीलता कम होगी। अजीज ने इस बात पर जोर दिया कि यदि परिषद को स्वतंत्र रूप से निर्णय लेने का अधिकार नहीं है, तो बैठक बुलाना केवल एक दिखावा है। यह बयान पार्टी के भीतर निर्णय लेने की प्रक्रिया और घटक दलों के बीच समन्वय पर बहस को जन्म दे सकता है। इस मुद्दे पर अन्य पार्टी नेताओं की प्रतिक्रिया का इंतजार है। यह घटना बर्सातु पार्टी के भीतर शक्ति संतुलन और नीति निर्धारण पर प्रकाश डालती है।
