इजरायली प्रधानमंत्री ने अवैध रूप से स्थापित की गई बस्तियों को हटाने का आह्वान किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे 'एरिया सी' में कानूनी बस्तियों के पक्षधर हैं, लेकिन फिलिस्तीनियों की निजी ज़मीन या 'एरिया ए' और 'बी' में नहीं। ये क्षेत्र भविष्य में फिलिस्तीनी स्वायत्तता के लिए निर्धारित हैं। इस बयान से दक्षिणपंथी नेताओं में नाराज़गी फैल गई है, जिन्होंने इस कदम की आलोचना की है। प्रधानमंत्री ने ज़ोर देकर कहा कि कानून का पालन करना महत्वपूर्ण है और अवैध निर्माण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह कदम इजरायली-फिलिस्तीनी संघर्ष के संदर्भ में महत्वपूर्ण है, क्योंकि बस्तियों का मुद्दा दशकों से विवाद का विषय रहा है। इस घोषणा से क्षेत्र में तनाव बढ़ने की आशंका है।