बेल्जियम की टीम विश्व कप 2026 के क्वालीफाइंग दौर में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पा रही है। उन्हें मिस्र और ईरान के साथ अपेक्षाकृत आसान माना जा रहा था, लेकिन दोनों टीमों के साथ ड्रॉ खेलने के कारण नॉकआउट चरण में जगह बनाना मुश्किल हो गया है। बेल्जियम के मीडिया ने टीम के प्रदर्शन पर कड़ी आलोचना की है, और इसे ‘विश्व कप का सबसे कमजोर समूह’ बताया है। खिलाड़ियों और कोचों ने भी अपनी रणनीति और प्रदर्शन पर सवाल उठाए हैं। टीम पर अब अगले मैच में बेहतर प्रदर्शन करने और नॉकआउट चरण में जगह बनाने का दबाव है। यह परिणाम बेल्जियम के लिए एक बड़ा निराशाजनक रहा है, क्योंकि उनसे बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद थी। इस स्थिति के कारण टीम के भविष्य को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।