लॉस एंजिल्स में हुए मैच में दो टीमें निराश होकर मैदान से उतरीं। विश्व कप के ‘मृत्यु समूह’ में एक बार फिर ड्रॉ हुआ है। बेल्जियम टीम को इस परिणाम से सबसे बड़ा झटका लगा है, क्योंकि उनकी उम्मीदें कमजोर हुई हैं। यह ड्रॉ उनके लिए एक बड़ी निराशा है और आगे के मैचों में उनके लिए मुश्किलें खड़ी कर सकता है। इस समूह में प्रतिस्पर्धा बहुत कड़ी है और हर मैच महत्वपूर्ण है। अब बेल्जियम को अगले मैचों में बेहतर प्रदर्शन करने की आवश्यकता है ताकि वे टूर्नामेंट में बने रह सकें। यह परिणाम अन्य टीमों के लिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे समूह में समीकरण बदल सकते हैं।
