बेलारूस रूस के समान, युवाओं को सैन्य सेवा के लिए तैयार करने हेतु शिक्षा प्रणाली का उपयोग कर रहा है। मिन्स्क, पुतिन के ‘युनारमी’ के समान एक संगठन बनाना चाहता है। इस कदम से लगता है कि बेलारूस सरकार समाज पर नियंत्रण कसने का प्रयास कर रही है। यह कार्यक्रम बच्चों को देशभक्ति और सैन्य कौशल सिखाने पर केंद्रित होगा। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बेलारूस में बढ़ते सैन्यीकरण का संकेत है। इस पहल से नागरिकों के बीच शासन के प्रति वफादारी बढ़ाने की भी उम्मीद है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह रूस के प्रभाव का परिणाम हो सकता है।