मानसून के दौरान तापमान से ज्यादा हवा में मौजूद अत्यधिक नमी या उमस परेशानी का कारण बनती है। इस दौरान कमरे को ठंडा रखने के लिए लोग घंटों एसी चलाते हैं, जिससे बिजली का बिल काफी बढ़ जाता है। हालांकि, कुछ सरल रणनीतियों को अपनाकर कमरे को आरामदायक बनाया जा सकता है और बिजली की खपत को कम किया जा सकता है। गर्मी और मानसून की उमस के बीच मुख्य अंतर आर्द्रता का होता है। इस मौसम में एसी के 'ड्राय मोड' का उपयोग करना अधिक प्रभावी होता है। यह मोड न केवल नमी को नियंत्रित करता है बल्कि बिजली की बचत में भी मदद करता है। इन छोटे बदलावों से उपयोगकर्ता बिना ज्यादा खर्च किए बेहतर कूलिंग का अनुभव कर सकते हैं।