युवा एवं क्रीड़ा मंत्री अमीनुल हक ने देश के खेल क्षेत्र को भ्रष्टाचार मुक्त करने का संकल्प लिया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि क्रिकेट या फुटबॉल, किसी भी खेल में अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पिछले 17 वर्षों और पिछले डेढ़ वर्षों में क्रिकेट बोर्ड में लगे भ्रष्टाचार और अनियमितता के आरोपों की निष्पक्ष जांच होगी। मंत्री ने दोषियों को कानून के दायरे में लाने की बात कही है। इस संबंध में भ्रष्टाचार निरोधक आयोग को जांच के निर्देश दिए गए हैं। सरकार खेल क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। यह कदम खेल के प्रति जनता के विश्वास को बहाल करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
