चार साल पहले मारियुपोल के गिरने के बाद, यूक्रेन की अज़ोव रेजिमेंट ने फिर से शहर पर ध्यान केंद्रित किया है। पुनर्गठित रेजिमेंट का स्पष्ट लक्ष्य रूस को उसके कब्जे के लिए जवाबदेह ठहराना और उन्हें वहां से बेदखल करना है। यह कदम मारियुपोल पर रूसी नियंत्रण के प्रतिशोध के रूप में देखा जा रहा है। अज़ोव रेजिमेंट, जो पहले इस शहर की रक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुकी है, अब जवाबी कार्रवाई करने के लिए दृढ़ है। इस हमले से क्षेत्र में तनाव बढ़ने की आशंका है। फिलहाल, रूसी पक्ष की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। यह घटनाक्रम यूक्रेन में चल रहे संघर्ष की जटिलता को दर्शाता है।