यह लेख, लुइस अर्नेस्टो अपारिसियो द्वारा, आगामी 10 से 15 वर्षों में लैटिन अमेरिका में पारंपरिक तानाशाहों की शृंखला देखने की संभावना पर संदेह व्यक्त करता है। लेखक का मानना है कि इस अवधि में, या इससे अधिक समय तक, ऐसे हालात बन सकते हैं जहाँ लोकतंत्र कमजोर पड़ सकता है। लेख में इस बात पर ज़ोर दिया गया है कि लोकतांत्रिक मूल्यों को बनाए रखना कितना महत्वपूर्ण है। यह उन चीज़ों को याद रखने की आवश्यकता पर बल देता है जो देशों को लोकतांत्रिक बनाती हैं। अपारिसियो का तर्क है कि लोकतांत्रिक सिद्धांतों और संस्थानों की रक्षा करना आवश्यक है ताकि सत्ता का दुरुपयोग न हो। यह पोस्ट पहले TalCual पर प्रकाशित हुआ था। यह लेख लैटिन अमेरिका के राजनीतिक परिदृश्य में लोकतांत्रिक स्थिरता के भविष्य पर विचार करता है।