ऑस्ट्रिया में, ÖVP और Neos पार्टियाँ शेयर बाजार से होने वाले लाभ पर लगने वाले कर को खत्म करने की योजना बना रही हैं, बशर्ते शेयरों को एक निश्चित अवधि के लिए रखा जाए। उनका दावा है कि इससे लगभग एक तिहाई आबादी को राहत मिलेगी। हालांकि, नेशनल बैंक के आंकड़ों से यह दावा गलत साबित होता है। ये आंकड़े दर्शाते हैं कि कर माफी का लाभ मुख्य रूप से धनी लोगों को होगा, गरीबों और मध्यम वर्ग को नहीं। यह नीति पूंजीगत लाभ कर को समाप्त करके निवेश पर होने वाली आय को कर मुक्त कर देगी। आलोचकों का तर्क है कि इससे असमानता बढ़ेगी और केवल अमीर लोगों को ही फायदा होगा। इस प्रस्ताव पर व्यापक बहस छिड़ गई है, क्योंकि कई लोगों का मानना है कि यह सामाजिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है।