ऑस्ट्रियाई शोधकर्ता हेइन्ज़ वॉन फोर्स्टर ने 1960 में विश्व जनसंख्या वृद्धि पर आधारित एक समीकरण विकसित किया। इस समीकरण के अनुसार, मानव जाति का अंत 13 नवंबर 2026 को होगा। फोर्स्टर ने जनसंख्या वृद्धि की दर का विश्लेषण करते हुए यह चौंकाने वाला अनुमान लगाया। उनका मानना था कि संसाधनों की कमी और जनसंख्या दबाव के कारण यह दिन आएगा। हालांकि, यह भविष्यवाणी केवल एक सैद्धांतिक मॉडल पर आधारित है और इसकी सटीकता पर बहस हो सकती है। फिर भी, यह भविष्यवाणी भविष्य के बारे में सोचने और जनसंख्या नियंत्रण के महत्व पर विचार करने के लिए एक उत्प्रेरक का काम करती है। वैज्ञानिक समुदाय में इस भविष्यवाणी को लेकर मिश्रित प्रतिक्रियाएं हैं, कुछ इसे खारिज करते हैं, जबकि अन्य इसे गंभीरता से लेते हैं।