आंतरिक मंत्री ने सुरक्षा कारणों से कैदियों की आम माफी की संभावना को खारिज कर दिया है। न्याय मंत्री ने एक विशेष अभियान के तहत 500 कैदियों को रिहा करने का प्रस्ताव रखा था, लेकिन आंतरिक मंत्री ने इस प्रस्ताव का समर्थन नहीं किया। उनका कहना है कि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह संभव नहीं है। इस निर्णय से उन कैदियों की रिहाई की उम्मीदों पर पानी फिर गया है जो इस योजना के तहत रिहा होने की प्रतीक्षा कर रहे थे। आंतरिक मंत्री ने न्याय मंत्री के इस कदम को 'शक्ति प्रदर्शन' बताया है। इस मामले पर आगे भी राजनीतिक चर्चा जारी रहने की संभावना है। यह निर्णय जेलों में सुरक्षा व्यवस्था और कैदियों की रिहाई से जुड़े नीतिगत मुद्दों पर प्रकाश डालता है।