ऑस्ट्रिया में प्रस्तावित न्यायिक सुधार योजना का विरोध हो रहा है। उच्च न्यायालयों (Oberlandesgerichte) को डर है कि इस सुधार से न्यायपालिका में राजनीतिक हस्तक्षेप बढ़ सकता है और शक्तियों का विभाजन कमजोर हो सकता है। महाअभियोजक (Generalprokuratur) ने भी इस मसौदे की आलोचना की है। न्यायालयों का मानना है कि यह सुधार न्यायपालिका की स्वतंत्रता के लिए खतरा है। विरोध करने वालों का कहना है कि सुधारों से राजनीतिक दबाव में निर्णय लेने की संभावना बढ़ जाएगी। यह सुधार न्यायिक प्रणाली की निष्पक्षता और स्वतंत्रता पर सवाल खड़े करता है। इस मुद्दे पर कानूनी विशेषज्ञों और राजनीतिक विश्लेषकों के बीच बहस जारी है।