ऑस्ट्रिया के पूर्व WKO (अर्थव्यवस्था चैंबर) प्रमुख Harald Mahrer एक विवाद में घिरे हुए हैं। यह विवाद 400 मिलियन यूरो की स्टार्टअप कंपनी "Gropyus" को लेकर है। Mahrer ने अपने WKO प्रमुख के कार्यकाल के दौरान निवेशक फ्रिट्श का समर्थन किया था, लेकिन अब उन्हें फ्रिट्श को "धोखेबाज" मानते हैं। इस खुलासे से राजनीतिक हलचल मच गई है और मामले ने गरमाहट पकड़ ली है। Mahrer का यह बयान उन शुरुआती निवेश निर्णयों पर सवाल खड़े करता है जो उन्होंने किए थे। फिलहाल, इस मामले की जांच जारी है और आगे क्या होता है यह देखना होगा। यह घटना स्टार्टअप निवेश और पारदर्शिता के महत्व पर भी प्रकाश डालती है।