एशिया-प्रशांत पत्रकारों के संघ (FAPaJ) ने ट्यूनीशिया के राष्ट्रपति से पत्रकार मोहम्मद एल यूसुफी को रिहा करने का आग्रह किया है। एफएपीएजे ने मोहम्मद एल यूसुफी की तत्काल रिहाई की मांग करते हुए उनकी गिरफ्तारी की निंदा की है। यह मामला ट्यूनीशिया में प्रेस की स्वतंत्रता पर चिंता पैदा करता है। FAPaJ का मानना ​​है कि एल यूसुफी को उनकी पत्रकारिता के कारण निशाना बनाया गया है। संगठन ने ट्यूनीशियाई सरकार से पत्रकारों के अधिकारों का सम्मान करने और सभी राजनीतिक कैदियों को रिहा करने का आग्रह किया है। यह घटना ट्यूनीशिया में मीडिया स्वतंत्रता के लिए एक गंभीर खतरा है। एफएपीएजे इस मामले पर कड़ी निगरानी रखेगा और एल यूसुफी की रिहाई के लिए प्रयास जारी रखेगा।