यूक्रेन युद्ध के बाद पश्चिमी देशों द्वारा रूस को अलग-थलग करने के प्रयासों के बीच, दक्षिण पूर्व एशियाई देशों (आसियान) का रवैया भिन्न रहा है। रूस के कज़ान शहर में आसियान के नेताओं और उच्च अधिकारियों की लगातार बैठकें हो रही हैं। यह दर्शाता है कि आसियान देश रूस के साथ अपने संबंध बनाए रखने में रुचि रखते हैं। पश्चिमी देशों की तरह रूस पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के बजाय, आसियान देशों ने रूस के साथ संवाद और सहयोग जारी रखा है। इन बैठकों का उद्देश्य आर्थिक और राजनीतिक संबंधों को मजबूत करना बताया जा रहा है। यह घटनाक्रम पश्चिमी देशों की नीतियों से एक अलग दृष्टिकोण को दर्शाता है और वैश्विक भू-राजनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव का संकेत देता है। आसियान का यह रुख रूस के लिए एक महत्वपूर्ण राजनयिक समर्थन प्रदान करता है।
