कोस्टा रिका के पूर्व राष्ट्रपति ओस्कर अरियास का कहना है कि डैनियल ओर्टेगा द्वारा निकारागुआ में चुनाव का रास्ता बंद करने का निर्णय, उस राजनीतिक दृष्टिकोण की पुष्टि करता है जिसकी उन्होंने 1980 के दशक में शांति वार्ताओं के दौरान वकालत की थी। अरियास के अनुसार, क्यूबा के नेता फिदेल कास्त्रो ने उस समय डैनियल ओर्टेगा को चेतावनी दी थी कि "क्रांतिकारी चुनाव नहीं करते हैं।" अरियास ने बताया कि कास्त्रो का मत था कि सत्ता हासिल करने और बनाए रखने के लिए चुनाव आवश्यक नहीं हैं। ओर्टेगा के हालिया निर्णय को कास्त्रो की पुरानी विचारधारा के अनुरूप बताया जा रहा है। यह कदम निकारागुआ में लोकतंत्र के भविष्य पर गंभीर सवाल खड़े करता है। अरियास ने इस फैसले को निराशाजनक बताया और निकारागुआ की स्थिति पर चिंता व्यक्त की है। यह घटनाक्रम क्षेत्रीय स्थिरता के लिए भी एक चुनौती है।