अर्जेंटीना के राष्ट्रपति, जेवियर माइली, उन विदेशी नागरिकों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग कर रहे हैं जो अर्जेंटीना के प्रति 'नफ़रत' व्यक्त करते हैं। उनका उद्देश्य देश के प्रति नकारात्मक भावनाएं व्यक्त करने वालों को रोकना है। माइली सरकार इस तरह के बयानों को राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा मानती है। इस कदम से अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर बहस छिड़ सकती है। आलोचकों का कहना है कि यह विदेशियों के अधिकारों का उल्लंघन कर सकता है। अभी यह स्पष्ट नहीं है कि 'नफ़रत' को कैसे परिभाषित किया जाएगा और इस कानून को कैसे लागू किया जाएगा। यह घोषणा अर्जेंटीना में आप्रवासन नीति और राजनीतिक अभिव्यक्ति पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकती है।