साइबेरिया में किए गए एक नए शोध से पता चला है कि प्लेग नामक घातक संक्रामक रोग लगभग पांच हज़ार साल पहले भी मनुष्यों को प्रभावित कर रहा था। यह खोज शिकारी-संग्रहकर्ताओं के अवशेषों के अध्ययन से हुई है, जिसमें बच्चों में प्लेग के लक्षण पाए गए। शोधकर्ताओं का मानना है कि विरल आबादी होने के बावजूद, लोग इस बीमारी से सुरक्षित नहीं थे। यह दर्शाता है कि प्लेग का इतिहास जितना पहले सोचा जाता था, उससे कहीं अधिक पुराना है। इस खोज से प्राचीन मानव आबादी में बीमारियों के प्रसार और प्रभाव को समझने में मदद मिलेगी। वैज्ञानिकों के अनुसार, यह खोज प्राचीन बीमारियों के अध्ययन के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। यह जानकारी मानव इतिहास और महामारी विज्ञान के क्षेत्र में नई रोशनी डाल सकती है।