तुर्की में पुरातत्वविदों को 8,500 साल पुराना एक दुर्लभ ज्वालामुखी कांच (ऑब्सिडियन) का दर्पण मिला है। यह खोज नवपाषाण काल की उन्नत तकनीकों को उजागर करती है। दर्पण की असाधारण गुणवत्ता और पॉलिशिंग तकनीक उस समय के कुशल कारीगरों का प्रमाण है। शोधकर्ता इस दर्पण के संभावित प्रतीकात्मक उपयोग पर विचार कर रहे हैं, क्योंकि यह दैनिक उपयोग की वस्तु से अधिक प्रतीत होता है। यह खोज प्राचीन समाजों में सौंदर्य और आत्म-प्रतिबिंब के प्रति जागरूकता पर प्रकाश डालती है। यह नवपाषाण काल के इतिहास को समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। इस खोज से उस समय के लोगों के जीवन और संस्कृति के बारे में नई जानकारी मिलने की उम्मीद है।
