हिटलर के शासन के पतन के बाद, जर्मनी विनाश और प्रलय के अपराधबोध से जूझ रहा था। अब, ८१ वर्षों बाद, एक ऐसी पार्टी उभर रही है जो उस जर्मनी की विचारधारा का अनुसरण करती है। यह स्थिति यूरोपीय संघ (European Union) की सरकारों के लिए एक चेतावनी के रूप में काम कर रही है। इस पार्टी के उदय से राजनीतिक अस्थिरता का खतरा बढ़ गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह घटना यूरोपीय राजनीति में गहरे बदलाव ला सकती है। यह जर्मनी और पूरे यूरोपीय संघ (European Union) के भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकता है। यह स्थिति यूरोपीय देशों के लिए एकजुट होकर इस चुनौती का सामना करने की आवश्यकता पर बल देती है।