आगामी विश्व कप में तकनीक का व्यापक उपयोग किया जाएगा। रेफरी कैमरों से लैस होंगे, जिससे खेल के फैसलों में सटीकता लाई जा सके। टूर्नामेंट शुरू होने से पहले सभी खिलाड़ियों का 3डी स्कैनिंग किया जाएगा, जिससे उनकी शारीरिक जानकारी उपलब्ध रहे। विशेष रूप से, विश्व कप की गेंद को भी चार्ज करने की आवश्यकता होगी, जो कि एक नई तकनीक का हिस्सा है। यह तकनीक खेल के प्रदर्शन और विश्लेषण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। माना जा रहा है कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) भी इस टूर्नामेंट में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। कुल मिलाकर, यह विश्व कप तकनीक के मामले में एक नया बेंचमार्क स्थापित कर सकता है।