सोशल मीडिया पर इज़राइल पर ईरानी ‘हाइपरसोनिक’ बमबारी का एक वीडियो वायरल हो रहा है। फ़ास्ट चेक ने इस सामग्री को ‘गलत’ बताया है। वीडियो में कई दृश्य असंगतताएं हैं जो सिंथेटिक हेरफेर का संकेत देती हैं। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस डिटेक्टरों ने भी इस बात की पुष्टि की है कि वीडियो कृत्रिम रूप से बनाया गया है। यह वीडियो भ्रामक जानकारी फैलाने के उद्देश्य से बनाया गया प्रतीत होता है। जांचकर्ताओं ने वीडियो में कई त्रुटियां पाईं, जिससे इसकी प्रामाणिकता पर संदेह होता है। इस तरह के झूठे वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल सकते हैं और जनता को गुमराह कर सकते हैं।