सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहे एक वीडियो में ईरान की सेना द्वारा अमेरिकी अपाचे हेलीकॉप्टर को मार गिराने का दावा किया गया था। यह वीडियो लाखों लोगों ने देखा था, लेकिन अब यह स्पष्ट हो गया है कि यह वीडियो वास्तविक नहीं है। जांच में पता चला है कि यह वीडियो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) तकनीक का उपयोग करके बनाया गया था। इस वीडियो के जरिए गलत सूचना फैलाने की कोशिश की गई थी। एआई के माध्यम से बनाए गए इस तरह के वीडियो की बढ़ती संख्या चिंता का विषय है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के वीडियो की पहचान करना मुश्किल हो सकता है और यह जनता को गुमराह कर सकते हैं।