अबेलार्डो के चुनावी अभियान से जुड़ी एक बड़ी वित्तीय अनियमितता सामने आई है। जांच में पता चला है कि अभियान ने 1.299 मिलियन डॉलर (लगभग ₹10.8 करोड़) एक ऐसी कंपनी को भुगतान किया है, जिसे कुछ महीने पहले ही पुनर्जीवित किया गया था। इस कंपनी को 'शेल कंपनी' (कागजी कंपनी) बताया जा रहा है, जिसका मतलब है कि यह केवल नाम मात्र के लिए मौजूद है और इसका कोई वास्तविक व्यवसाय नहीं है। जब मीडिया ने इस मामले में सवाल उठाए, तो कंपनी के कानूनी प्रतिनिधि ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट हटा दिए। यह भुगतान अभियान के वित्तपोषण में पारदर्शिता को लेकर सवाल खड़े करता है और जांच की मांग की जा रही है। अधिकारियों ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है और आगे की जानकारी आने की उम्मीद है। यह घटना कोलंबियाई राजनीति में भ्रष्टाचार के आरोपों को फिर से उजागर करती है।
