पूर्व डीजीएसई अधिकारी Yves Trotignon ने ‘ले मोंडे’ को दिए साक्षात्कार में बताया कि 2001 में अमेरिका में हुए हमले ने पश्चिम को एक स्थायी आतंकवादी खतरे के युग में धकेल दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि लंबे समय तक चलने वाले संघर्षों ने “कानून के शासन के कुछ रूपों” को त्यागने का मार्ग प्रशस्त किया। Trotignon के अनुसार, अल-कायदा का असली जाल लंबे युद्धों में निहित था, जिन्होंने डोनाल्ड ट्रम्प को इस मुद्दे को समाप्त करने के वादे पर चुना गया। उन्होंने बताया कि आतंकवाद के खिलाफ युद्ध ने कई देशों में नागरिक स्वतंत्रता और कानूनी प्रक्रियाओं पर नकारात्मक प्रभाव डाला। इस साक्षात्कार में, Trotignon ने यह भी बताया कि कैसे इन संघर्षों ने राजनीतिक परिदृश्य को बदल दिया और पॉपुलिज्म के उदय में योगदान दिया। 11 सितंबर के हमलों की 25वीं वर्षगांठ पर, यह विश्लेषण उन दीर्घकालिक परिणामों पर प्रकाश डालता है जो उस घातक दिन से उत्पन्न हुए। यह घटना वैश्विक राजनीति और सुरक्षा रणनीति को समझने के लिए महत्वपूर्ण बनी हुई है।