स्वीडन के माल्मो शहर में, बारह वर्षीय बच्चों ने विस्फोट करने की योजना बनाई थी। इन बच्चों को टिकटॉक के माध्यम से यह ज़िम्मेदारी मिली थी। अधिकारियों को इस संभावित खतरे की जानकारी मिली और मामले की जांच शुरू की गई। यह जांच बच्चों के ऑनलाइन गतिविधियों और टिकटॉक पर मिली प्रेरणाओं पर केंद्रित है। माल्मो में यह घटना ऑनलाइन कट्टरता और युवाओं पर इसके प्रभाव को लेकर चिंता बढ़ाती है। इस मामले ने यह सवाल भी खड़ा किया है कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म युवाओं को हानिकारक सामग्री से कैसे बचा सकते हैं। अधिकारियों का कहना है कि इस घटना को गंभीरता से लिया जा रहा है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।