सांता क्लारा के अनुकूल हवा के कारण कठिन परिस्थितियों के बावजूद, मार्को सिल्वा ने अपनी टीम में महत्वपूर्ण बदलाव किए। उन्होंने प्रेस्टियानी को खेल के केंद्र में रखा, जिसका उद्देश्य खेल का संतुलन बिगाड़ना था। इस रणनीति ने केवल छह मिनट में ही परिणाम दिया, और स्कोर 1-2 हो गया। सिल्वा का यह बदलाव शुरुआती दौर में टीम की कमजोर स्थिति को सुधारने में सफल रहा। यह बदलाव दर्शाता है कि कैसे एक कोच खेल की गति को बदलने के लिए अपनी रणनीति में बदलाव कर सकता है। प्रेस्टियानी की केंद्रीय भूमिका ने विपक्षी टीम के लिए मुश्किलें खड़ी कर दीं। इस जीत ने सांता क्लारा के लिए एक सकारात्मक मोड़ ला दिया।