एफएनजेड के निदेशकों को अदालत का सामना करना पड़ रहा है, जिसके बाद एक बड़ा ८ बिलियन डॉलर का शेयरधारक दावा पेश किया गया है। यह दावा २०২৪ में हुई एक पूंजी जुटाने की प्रक्रिया के बाद आया है, जिसके परिणामस्वरूप कर्मचारियों के शेयरों का मूल्य बहुत कम हो गया। कर्मचारियों की हिस्सेदारी में भारी गिरावट आई है, जिससे शेयरधारकों में असंतोष फैल गया। अब, एफएनजेड के निदेशक कानूनी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं क्योंकि अदालत में इस मामले की सुनवाई होगी। यह मामला कंपनी के वित्तीय निर्णयों और शेयरधारकों के अधिकारों से संबंधित है। अदालत का निर्णय कंपनी के भविष्य और शेयरधारकों के हितों को प्रभावित कर सकता है। इस पूरे मामले पर करीबी नज़र रखी जा रही है।