ब्रिटेन के चांसलर ने बजट में पूंजीगत लाभ कर (Capital Gains Tax) बढ़ाने की मांगों को खारिज कर दिया है। लेबर पार्टी के प्रभावशाली सदस्य इस कर को आय कर के बराबर करने की वकालत कर रहे थे। आलोचकों का मानना है कि ऐसा करने से अमीर लोग ब्रिटेन से पलायन कर सकते हैं। सरकार का मानना है कि कर में वृद्धि से निवेश और आर्थिक विकास पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। इस निर्णय से यूके (UK) में संपत्ति कर नीतियों पर बहस जारी रहेगी। यह फैसला यूके (UK) के वित्तीय भविष्य और अमीर व्यक्तियों के व्यवहार को प्रभावित कर सकता है। चांसलर ने आर्थिक स्थिरता बनाए रखने पर जोर दिया है।