हनानिया ट्रैवल के माध्यम से उमराह यात्रा में धोखाधड़ी का शिकार हुए पीड़ितों ने अपने अधिकारों और धन की वापसी के लिए इंडोनेशियाई संसद (DPR RI) का रुख किया है। पीड़ितों और उनके वकीलों ने कमीशन III के सदस्यों से मिलकर मामले में हस्तक्षेप करने और उनकी सहायता करने का अनुरोध किया। पीड़ितों का आरोप है कि हनानिया ट्रैवल ने उमराह यात्रा के लिए उनसे धन लिया, लेकिन यात्राएं आयोजित नहीं की गईं। उन्होंने अपनी जमा राशि वापस करने की मांग की है। संसद सदस्यों ने पीड़ितों की बात सुनी और मामले की जांच करने का आश्वासन दिया। यह घटना इंडोनेशिया में उमराह यात्रा सेवाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही की आवश्यकता पर प्रकाश डालती है। पीड़ितों का कहना है कि वे न्याय की प्रतीक्षा कर रहे हैं और अपनी मेहनत से कमाए गए पैसे की वापसी चाहते हैं।
