भ्रष्टाचार उन्मूलन आयोग (केपीके) 2024 में हज तीर्थयात्रा जाँच समिति (pansus) को कथित तौर पर एक मिलियन अमेरिकी डॉलर की रिश्वत देने की जाँच कर रहा है। इस मामले में, केपीके ने एक पूर्व विशेष सहायक (staf khusus) से पूछताछ की। जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि क्या धन का प्रवाह हुआ था और यदि हुआ तो इसका उद्देश्य क्या था। यह मामला हज तीर्थयात्रा से संबंधित है और संसद में गठित एक विशेष समिति की गतिविधियों पर केंद्रित है। केपीके इस मामले में संभावित भ्रष्टाचार को उजागर करने और जिम्मेदार लोगों की पहचान करने का प्रयास कर रहा है। पूछताछ से महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है जो जांच को आगे बढ़ाएगी। यह मामला इंडोनेशियाई राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम है और जनता की नज़र इस पर टिकी हुई है।