हंगरी के प्रधानमंत्री पीटर मग्यार ने ‘स्वर्ण काफिले’ से जुड़े विवाद की तत्काल आंतरिक जांच के आदेश दिए हैं। यह विवाद हंगरी और यूक्रेन के बीच तनाव का कारण बना था, विशेष रूप से पूर्व प्रधानमंत्री विक्टर ओर्बन के कार्यकाल के दौरान। कीव इंडिपेंडेंट के अनुसार, यह मामला एक यूक्रेनी मूल्यवान वस्तुओं के काफिले के जब्ती से जुड़ा है। मग्यार ने सरकारी संस्थानों की संभावित भूमिका की जांच करने का निर्देश दिया है। इस घटना ने दोनों देशों के संबंधों में खटास लाई थी और अब हंगरी सरकार इस मामले की निष्पक्ष जांच करना चाहती है। जांच का उद्देश्य विवाद के सभी पहलुओं को उजागर करना और जिम्मेदार पक्षों की पहचान करना है। यह कदम हंगरी और यूक्रेन के बीच संबंधों को सुधारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।
