সিলেট में, हज़रत शाहजलाल (रह.) के मज़ार को जिला प्रशासन निधि से 5 लाख रुपये दान करने के फैसले पर सवाल उठ रहे हैं। आलोचकों का कहना है कि मज़ार स्वयं पर्याप्त है और उसे दान की आवश्यकता नहीं है। यह दान निवर्तमान जिला मजिस्ट्रेट (डीसी) सरवर आलम द्वारा दिया गया था, जिसके पीछे मंशा पर संदेह जताया जा रहा है। सवाल यह भी उठ रहा है कि क्या डीसी जिला प्रशासन की निधि से ऐसा दान कर सकते थे और इस दान का औचित्य क्या था। इस मामले ने स्थानीय स्तर पर बहस छेड़ दी है। दान की पारदर्शिता और उपयोगिता पर सवाल उठाए जा रहे हैं। प्रशासन ने अभी तक इस मुद्दे पर कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया है।
